हिंदू स्नातकोत्तर महाविद्यालय में योग और प्राणायाम पर एकल व्याख्यान का आयोजन।जमानियां। स्थानीय स्टेशन बाजार स्थित हिंदू स्नातकोत्तर महाविद्यालय में "जीवन को बेहतर बनाने में योग और प्राणायाम की भूमिका" विषय पर एक प्रेरक एकल व्याख्यान का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य छात्र-छात्राओं और शिक्षकों को योग और प्राणायाम के महत्व के प्रति जागरूक करना था, ताकि वे इसे अपनी दैनिक जीवनशैली में शामिल कर सकें। मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित परामर्श चिकित्सक डॉ. विजय श्याम पांडेय ने योग और प्राणायाम के विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि योग केवल शारीरिक व्यायाम तक सीमित नहीं है, बल्कि यह मन, शरीर और आत्मा के बीच संतुलन स्थापित करने का एक समग्र दृष्टिकोण है। डॉ. पांडेय ने प्राणायाम की विभिन्न तकनीकों, जैसे अनुलोम-विलोम, भस्त्रिका और कपालभाति, के लाभों पर चर्चा की और बताया कि ये तकनीकें तनाव प्रबंधन, एकाग्रता में सुधार और शारीरिक स्वास्थ्य को बढ़ाने में सहायक हैं। उन्होंने यह भी जोड़ा कि नियमित योग अभ्यास से रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत होती है और मानसिक शांति प्राप्त होती है, जो आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में अत्यंत आवश्यक है। महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. श्रीनिवास सिंह ने अपने संबोधन में छात्र-छात्राओं से अपील की कि वे योग को अपनी दिनचर्या का अभिन्न अंग बनाएं। उन्होंने कहा, "योग और प्राणायाम न केवल शारीरिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाते हैं, बल्कि यह हमें मानसिक रूप से मजबूत और केंद्रित बनाकर जीवन की चुनौतियों का सामना करने में मदद करते हैं।" उन्होंने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि वे योग के प्रति गंभीरता दिखाएं और इसे अपनी जीवनशैली में शामिल करें ताकि वे एक स्वस्थ और संतुलित जीवन जी सकें। कार्यक्रम में महाविद्यालय के कला संकाय प्रमुख डॉ. संजय कुमार सिंह, प्रो. प्रदीप कुमार सिंह और अन्य शिक्षकगण उपस्थित रहे। बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने भी इस व्याख्यान में भाग लिया और योग के प्रति अपनी जिज्ञासा व्यक्त की। कुछ छात्रों ने डॉ. पांडेय से योग और प्राणायाम की बारीकियों के बारे में सवाल पूछे, जिनका उन्होंने सरल और व्यावहारिक तरीके से जवाब दिया। यह आयोजन न केवल शैक्षिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण रहा, बल्कि इसने युवाओं में योग और प्राणायाम के प्रति जागरूकता पैदा करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। महाविद्यालय प्रशासन ने भविष्य में भी इस तरह के आयोजनों को जारी रखने की योजना बनाई है ताकि अधिक से अधिक लोग योग के लाभों से अवगत हो सकें। सलीम मंसूरी की रिपोर्ट जमानिया
kashideephindinewspaper
0
एक टिप्पणी भेजें