वरिष्ठ पत्रकार विजय कुमार की रिपोर्ट
वाराणसी। आत्मनिर्भर भारत की संकल्पना को साकार करते हुए काशी अन्नपूर्णा अन्नक्षेत्र ट्रस्ट द्वारा संचालित सिलाई-कढ़ाई एवं कम्प्यूटर प्रशिक्षण केन्द्र के 15वें सत्रान्त के अवसर पर सिलाई मशीन, लैपटॉप एवं प्रमाण-पत्र वितरण समारोह का आयोजन आर्य महिला पोस्ट ग्रेजुएट कॉलेज, चेतगंज में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम में प्रशिक्षण पूर्ण कर चुकी 110 छात्राओं के चेहरे उस वक्त खुशी से खिल उठे जब उन्हें स्वावलंबी बनने का साधन सिलाई मशीन दिया गया।
मुख्य अतिथि शहर दक्षिणी के विधायक एवं पूर्व धर्मार्थ मंत्री डॉ. नीलकंठ तिवारी ने कहा कि "बेटियों को हुनरमंद बनाना ही सच्ची राष्ट्र सेवा है। काशी अन्नपूर्णा ट्रस्ट पिछले 15 वर्षों से जिस निष्ठा से बेटियों को आत्मनिर्भर बना रहा है, वह पूरे समाज के लिए प्रेरणा है। सरकार भी ऐसे प्रयासों के साथ खड़ी है।"
महंत शंकरपुरी ने आशीर्वचन देते हुए कहा कि अन्नपूर्णा की नगरी काशी में अन्न के साथ-साथ संस्कार और स्वावलंबन का दान सबसे बड़ा दान है। ये मशीनें सिर्फ सिलाई नहीं करेंगी, बल्कि इन बेटियों के परिवारों के सुनहरे भविष्य की नींव भी सिलेंगी। विशिष्ट अतिथि के रूप में के. जनार्दन शर्मा (एडमिनिस्ट्रेटर ट्रस्ट), आशीष जिंदल (ट्रस्टी), प्रो. रामनारायण द्विवेदी (प्राचार्य), शशिकांत दीक्षित और रचना दुबे (प्राचार्या, आर्य महिला पी.जी. कॉलेज) ने भी छात्राओं को उज्ज्वल भविष्य का आशीर्वाद दिया।
ट्रस्ट द्वारा सभी उत्तीर्ण छात्राओं को प्रमाण-पत्र, मेधावी छात्राओं को लैपटॉप और जरूरतमंद छात्राओं को निशुल्क सिलाई मशीन प्रदान की गई। इस दौरान
प्रबधक काशी मिश्रा, प्रदीप श्रीवास्तव, राकेश तोमर समेत अन्य रहे।
एक टिप्पणी भेजें