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बिना मान्यता वाले स्कूलों के खिलाफ चलेगा अभियान। खंड शिक्षा अधिकारी राजीव यादव बताया। जमानियां। बिना मान्यता संचालित निजी स्कूलों के खिलाफ जल्द ही कड़ी कार्रवाई की तैयारी शुरू हो गई है। इसके लिए विभागीय बेसिक शिक्षा अधिकारी सहित बीएसए को निर्देश दिए हैं कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में गैर मान्यता प्राप्त स्कूलों की पहचान कर जांच कराएं। और उनके खिलाफ सख्त कार्यवाही किया जाए। ताकि ऐसे बिना मान्यता विद्यालय संचालित हो सके। राजीव यादव ने बताया कि सूचना मिली है। कि क्षेत्र में लगभग 5 विद्यालय ऐसे संचालित हो रही है। जिसके पास किसी तरह की कोई मायन्ता नहीं है। बताया जाता है। कि शिक्षा निदेशक बेसिक उत्तर प्रदेश लखनऊ तथा विशेष सचिव उत्तर प्रदेश शासन के आदेश के क्रम में खंड शिक्षा अधिकारी राजीव यादव ने बताया कि बिना मान्यता संचालित विद्यालय तथा ऐसे विद्यालय जिनके बच्चे तो बढ़ते हैं। परन्तु इनका नामांकन किसी अन्य मान्यता प्राप्त विद्यालय में होता है। जिन्हें डमी स्कूल कहते है। उन्होंने कहा कि ऐसे विद्यालय को संचालन कदापि नहीं होने दिया जाएगा। और ऐसे विद्यालयों के खिलाफ अभियान चलाकर एक लाख रुपए तक का जुर्माना और प्रतिदिन के लिए दस हजार रुपए तक का जुर्माना किया जाएगा।राजीव यादव ने अपने कुछ सहयोगियों को जिम्मेदारी दी गई है। कि वे ब्लॉकवार ऐसे स्कूलों का सत्यापन करें। यदि जांच में कोई विद्यालय बिना मान्यता संचालित होता पाया गया या एक मान्यता प्राप्त स्कूल के नाम पर दूसरी बिना अनुमति शाखा चलती मिली पाई जाती है। तो तत्काल खंड शिक्षा अधिकारी को सूचना दे। ताकि उस विद्यालय के खिलाफ सख्त से सख्त विभागीय स्तर पर कार्यवाही किया जा सके। उन्होंने बताया कि इन बिंदुओं पर होगी जांच जैसे विद्यालय की मान्यता कब और किस संस्था से हुई। यदि शाखा है, तो उसकी पृथक मान्यता प्राप्त है या नहीं। मान्यता और संस्था (सोसाइटी) का नवीनीकरणअग्निशमन विभाग (फायर ब्रिगेड) की एनओसी की वैधताबच्चों की सुरक्षा मानकों की स्थिति स्कूल भवन की संरचनात्मक स्थिति पर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगीखंड शिक्षा अधिकारी ने बताया कि यदि ऐसे स्कूल पाए जाते हैं। तो उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के साथ सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। और जुर्माना और सजा के लिए तय की जाएगी कार्यवाही। यादव ने बताया कि बिना मान्यता पाए जाने पर स्कूल प्रबंधन पर एक लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया जाएगा। यदि इसके बावजूद विद्यालय संचालित होता है, तो 10,000 रुपये प्रतिदिन के हिसाब से जुर्माना वसूला जाएगा।खंड शिक्षा अधिकारी राजीव यादव ने बताया।

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